देवी अपराजिता काम्य मंत्र
हारेण तु विचित्रेण भास्वत्कनकमेखला। अपराजिता भद्ररता करोतु विजयं मम॥
गम्भीर बीमारी, कोर्ट केस, प्रबल शत्रु, चुनाव, प्रतियोगिता और तंत्र बाधा आदि में पूर्ण विजय और अभूतपूर्व सफलता 24।
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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यह मंत्र क्यों?
गम्भीर बीमारी, कोर्ट केस, प्रबल शत्रु, चुनाव, प्रतियोगिता और तंत्र बाधा आदि में पूर्ण विजय और अभूतपूर्व सफलता 24।
इस मंत्र से क्या होगा?
गम्भीर बीमारी, कोर्ट केस, प्रबल शत्रु, चुनाव, प्रतियोगिता और तंत्र बाधा आदि में पूर्ण विजय और अभूतपूर्व सफलता
जाप विधि
२१ दिनों तक नित्य उच्च स्वर में ८ बार पाठ/जप करें 24।
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siddh mantraॐ सिं सिद्ध्यै नमः स्वाहा ।
naam mantraनीलकंठ
jap mantraॐ श्री दुर्गायै नमः