भगवती नारायणी काम्य मंत्र
सृष्टिस्थितिविनाशानां शक्तिभूते सनातनि। गुणाश्रये गुणमये नारायणि नमोऽस्तु ते॥
कार्यक्षेत्र में अपार सफलता हेतु शारीरिक, मानसिक और आत्मिक शक्ति की प्राप्ति 28।
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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यह मंत्र क्यों?
कार्यक्षेत्र में अपार सफलता हेतु शारीरिक, मानसिक और आत्मिक शक्ति की प्राप्ति 28।
इस मंत्र से क्या होगा?
कार्यक्षेत्र में अपार सफलता हेतु शारीरिक, मानसिक और आत्मिक शक्ति की प्राप्ति
जाप विधि
सम्पुटित पाठ या देवी की प्रतिमा के समक्ष नित्य जप 28।
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