ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
उद्देश्य अनुसार मंत्र
गुरु

गुरु नवग्रह मंत्र

ॐ वृषभध्वजाय विद्महे घृणिहस्ताय धीमहि तन्नो गुरुः प्रचोदयात्।

धर्म व न्याय के क्षेत्र में प्रतिष्ठा, न्यायिक विवादों में सत्य की विजय और समाज में आदरणीय स्थान की प्राप्ति हेतु। 16

साधना मंडल

जप, संकल्प और उपासना संकेत

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प्रकारनवग्रह मंत्र
प्रयोजन

यह मंत्र क्यों?

धर्म व न्याय के क्षेत्र में प्रतिष्ठा, न्यायिक विवादों में सत्य की विजय और समाज में आदरणीय स्थान की प्राप्ति हेतु। 16

लाभ एक दृष्टि में

इस मंत्र से क्या होगा?

01

धर्म व न्याय के क्षेत्र में प्रतिष्ठा, न्यायिक विवादों में सत्य की विजय और समाज में आदरणीय स्थान की प्राप्ति हेतु

जाप विधि

नित्य पीला चंदन धारण कर एक सौ आठ बार जप। 16

विशेष टिप्पणियाँ

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