स्वर्णाकर्षण भैरव तांत्रिक तांत्रिक मंत्र
ॐ नमो भगवते स्वर्णाकर्षण भैरवाय धन धान्य वृद्धिकराय शीघ्रं वश्यं कुरु कुरु स्वाहा
घोर दरिद्रता का निवारण, अपार धन-संपत्ति (स्वर्ण) की प्राप्ति, कुबेर के समान ऐश्वर्य और कर्जों से तुरंत मुक्ति 53।
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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यह मंत्र क्यों?
घोर दरिद्रता का निवारण, अपार धन-संपत्ति (स्वर्ण) की प्राप्ति, कुबेर के समान ऐश्वर्य और कर्जों से तुरंत मुक्ति 53।
इस मंत्र से क्या होगा?
घोर दरिद्रता का निवारण, अपार धन-संपत्ति (स्वर्ण) की प्राप्ति, कुबेर के समान ऐश्वर्य और कर्जों से तुरंत मुक्ति
जाप विधि
मंगलवार, शुक्रवार, अष्टमी या पूर्णिमा के दिन विशेष पूजा करें। शिवलिंग पर अभिषेक और दीप दान के साथ इस मंत्र का जप करें। यह साधना कमला महाविद्या के नारायण भैरव स्वरूप से संबंधित है 52।
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