ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
🪔

आरती — 11 लेख

आरती संग्रह — गणेश, शिव, लक्ष्मी, दुर्गा आरती। 11 विस्तृत लेख।

11 लेख
📖 कथा (45)📿 मंत्र (39)🙏 पूजा विधि (35)🔮 तंत्र (34)⚔️ दिव्यास्त्र (23)🛕 मंदिर (22)📄 Shraadh (20)🔥 देवी (20)🙏 नारायण (19)📚 विष्णु पुराण (17)📿 नाम (17)📜 चालीसा (16)🌳 अरण्यकांड (15)📚 पुराण (15)📄 Lokas (14)🙏 विष्णु (14)📜 स्तोत्र (14)🔱 रुद्र (14)🔥 दुर्गा (14)🔱 भोले (13)📰 धार्मिक समाचार (12) राशि (12)🐒 हनुमान (11)🛡️ कवच (11)📖 रामचरितमानस (11)🪔 आरती (11)🏛️ अयोध्या (10)🖤 काली (10) लक्ष्मी (8)🔱 शिव (6)📚 पुराण संग्रह (5)🐘 गणेश (3)
ॐ जय शिव ओंकारा: मूल पाठ, विधि और रचयिता का इतिहास !
शिव

ॐ जय शिव ओंकारा: मूल पाठ, विधि और रचयिता का इतिहास !

ओम जय जगदीश हरे: मूल पाठ, विधि और रचयिता का इतिहास !
आरती

ओम जय जगदीश हरे: मूल पाठ, विधि और रचयिता का इतिहास !

श्री रामचन्द्र कृपालु भजमन: अर्थ, महत्व और जप की विधि !
श्रीराम

श्री रामचन्द्र कृपालु भजमन: अर्थ, महत्व और जप की विधि !

श्री नृसिंह आरती: संस्कृत व हिंदी पाठ और प्रदोष विधि !
नृसिंह

श्री नृसिंह आरती: संस्कृत व हिंदी पाठ और प्रदोष विधि !

जय गणेश देवा: सूरदास कृत मूल आरती और इतिहास !
गणेश

जय गणेश देवा: सूरदास कृत मूल आरती और इतिहास !

ॐ जय अम्बे गौरी: स्वामी शिवानन्द कृत मूल आरती और अर्थ !
अम्बे

ॐ जय अम्बे गौरी: स्वामी शिवानन्द कृत मूल आरती और अर्थ !

श्री महालक्ष्मी आरती: मूल पाठ, और विधि !
महालक्ष्मी

श्री महालक्ष्मी आरती: मूल पाठ, और विधि !

सूर्य देव आरती: 'जय कश्यप-नन्दन', तांबे से अर्घ्य और रविवार व्रत नियम !
सूर्य

सूर्य देव आरती: 'जय कश्यप-नन्दन', तांबे से अर्घ्य और रविवार व्रत नियम !

नवग्रह आरती: शनि-राहु शांति, समस्त दोष निवारण और भाग्य !
नवग्रह

नवग्रह आरती: शनि-राहु शांति, समस्त दोष निवारण और भाग्य !

काली आरती: 'मंगल की सेवा', मूल पाठ, अर्थ और मनोकामना !
काली

काली आरती: 'मंगल की सेवा', मूल पाठ, अर्थ और मनोकामना !

गंगा आरती: 'ॐ जय गंगे माता', मूल पाठ, अर्थ और महिमा !
गंगा

गंगा आरती: 'ॐ जय गंगे माता', मूल पाठ, अर्थ और महिमा !

आरती — सम्पूर्ण संग्रह

आरती संग्रह — गणेश, शिव, लक्ष्मी, दुर्गा आरती। यहाँ 11 विस्तृत लेख उपलब्ध हैं। प्रत्येक लेख में शास्त्रीय प्रमाण, मंत्र, विधि और व्यावहारिक मार्गदर्शन दिया गया है।

विषय को सही क्रम से पढ़ें

आरती को गहराई से समझने का तरीका

आरती संग्रह उन पाठकों के लिए सबसे उपयोगी है जो एक ही प्रारूप के भीतर कथा, विधि, मंत्र या स्तोत्र जैसी सामग्री को व्यवस्थित रूप से पढ़ना चाहते हैं।

11 लेख वाले इस पेज पर सबसे अच्छा तरीका यह है कि पहले वही प्रविष्टियाँ पढ़ें जो आपके वर्तमान सवाल से सीधा संबंध रखती हैं, फिर उनसे जुड़े अगले लेख या प्रश्न खोलें ताकि आधी-अधूरी जानकारी के बजाय पूरा संदर्भ बने।

इस संग्रह को पढ़ते समय महत्व, विधि, समय, शास्त्रीय आधार और व्यवहारिक उपयोग जैसे पहलुओं को साथ में देखना चाहिए। यही तरीका किसी भी विषय को सतही जानकारी से आगे ले जाकर उपयोगी समझ में बदलता है।

शुरुआत उन लेख से करें जिनका शीर्षक आपके सवाल या उद्देश्य से सबसे अधिक मेल खाता है।

पढ़ते समय विधि, महत्व, समय और सावधानियों जैसे अलग-अलग पहलुओं को नोट करें, क्योंकि ये अक्सर अलग प्रविष्टियों में बँटे होते हैं।

अगर एक पेज से पूरा उत्तर न मिले, तो उसी संग्रह के अगले लेख या प्रश्न खोलकर संदर्भ पूरा करें।