📖
विस्तृत उत्तर
काम्य श्राद्ध = धर्मशास्त्रों में वर्णित तीन मुख्य श्राद्ध प्रकारों में से तीसरा प्रकार।
### परिभाषा:
काम्य श्राद्ध = किसी विशेष मनोकामना की पूर्ति के लिए किया जाने वाला श्राद्ध।
### विशेष नक्षत्र:
- ▸काम्य श्राद्ध रोहिणी आदि नक्षत्रों में किया जाता है।
- ▸अर्थात् यह नक्षत्र-आधारित श्राद्ध है।
### व्युत्पत्ति:
- ▸'काम्य' शब्द 'काम' (कामना/इच्छा) से बना है।
- ▸अर्थ: किसी कामना/इच्छा की पूर्ति के लिए किया गया।
### मुख्य उद्देश्य:
- ▸कोई विशेष मनोकामना हो — उसकी पूर्ति के लिए पितरों को प्रसन्न करना।
- ▸पितरों के आशीर्वाद से इच्छित फल की प्राप्ति।
### अन्य प्रकारों से भेद:
- ▸नित्य = प्रतिदिन (बिना कारण)
- ▸नैमित्तिक = विशेष अवसर (पुत्र जन्म आदि)
- ▸काम्य = मनोकामना के लिए (रोहिणी आदि नक्षत्रों में)
### विशेषता:
यह तीनों में से एकमात्र ऐसा श्राद्ध है जो विशिष्ट कामना से जुड़ा है — सकाम कर्म की कोटि का।
🔗
आगे क्या पढ़ें
प्रश्न से जुड़े हब और आज के उपयोगी पंचांग लिंक
इसे अपने प्रियजनों के साथ साझा करें
क्या यह उत्तर सहायक था?





