विस्तृत उत्तर
मासिक श्राद्ध = मृत्यु के बाद 12 माह तक प्रत्येक माह मृत्यु तिथि पर श्राद्ध।
कब: मृत्यु की हिंदू तिथि = प्रत्येक माह उसी तिथि पर। 12 माह तक। इसके बाद वार्षिक श्राद्ध।
सरल विधि
- 1मृत्यु तिथि पर — तिल-जल तर्पण (दक्षिण दिशा)।
- 2ब्राह्मण/गरीब को भोजन + दक्षिणा।
- 3कौवा/कुत्ता/गाय को भोजन।
- 4अन्न/वस्त्र दान।
यदि विस्तृत विधि संभव न हो: कम से कम तिल-जल तर्पण + गरीब को भोजन = न्यूनतम।
12 मासिक श्राद्ध: 12 माह पूर्ण होने पर सपिंडीकरण श्राद्ध (वास्तव में 12वें दिन किया जाता है — आधुनिक परंपरा; शास्त्रीय = 12 माह बाद) और उसके बाद प्रथम वार्षिक श्राद्ध।





