ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
📿
धर्म-संबंधी शंका हो? शास्त्रों में उत्तर है।
पौराणिक प्रश्नोत्तरी — वेद, पुराण और तंत्र-शास्त्रों से प्रमाणित उत्तर, सरल हिंदी में
सभी प्रश्न देखें →
तंत्र परंपरा📜 नाथ परंपरा, गोरक्षनाथ, हठ योग1 मिनट पठन

नाथ संप्रदाय में तंत्र साधना कैसे की जाती है?

संक्षिप्त उत्तर

शिव→मत्स्येन्द्र→गोरक्ष। हठ योग (आसन/प्राणायाम/बंध/मुद्रा), कुंडलिनी, नाद योग, शाबर मंत्र (लोकभाषा), काया=ब्रह्मांड, जात-पात नहीं। आधुनिक Yoga = नाथ विरासत।

📖

विस्तृत उत्तर

नाथ संप्रदाय = शिव → मत्स्येन्द्रनाथ → गोरक्षनाथ → 9 नाथ:

साधना विशेषता

  1. 1हठ योग प्रधान: आसन, प्राणायाम, मुद्रा, बंध — शरीर = साधना उपकरण। हठ योग प्रदीपिका = नाथ ग्रंथ।
  2. 2कुंडलिनी: हठ योग → कुंडलिनी जागरण = प्रमुख लक्ष्य।
  3. 3नाद योग: आंतरिक ध्वनि (अनाहत नाद) सुनना → समाधि।
  4. 4शाबर मंत्र: लोकभाषा मंत्र = नाथ विशेषता — सबके लिए सुलभ।
  5. 5काया साधना: 'काया ही ब्रह्मांड' — शरीर में ही सब कुछ।
  6. 6जात-पात भेद नहीं: गोरखनाथ = सभी वर्णों को दीक्षा।

9 नाथ: आदिनाथ (शिव), मत्स्येन्द्रनाथ, गोरक्षनाथ, चौरंगीनाथ, आदि।

आधुनिक: नाथ = हठ योग का मूल → आधुनिक Yoga = नाथ विरासत।

📜
शास्त्रीय स्रोत
नाथ परंपरा, गोरक्षनाथ, हठ योग
क्या यह उत्तर उपयोगी था? इसे अपने प्रियजनों के साथ साझा करें

🏷 सम्बंधित विषय

नाथसंप्रदायतंत्रगोरखनाथहठ योग

इसी विषय के अन्य प्रश्न

📚

विस्तार से पढ़ें

इस विषय पर हमारे विस्तृत लेख और मार्गदर्शिकाएँ

नाथ संप्रदाय में तंत्र साधना कैसे की जाती है — शास्त्रों के अनुसार

पौराणिक पर आपको तंत्र परंपरा से जुड़े प्रमाणिक प्रश्न-उत्तर मिलेंगे। यह उत्तर नाथ परंपरा, गोरक्षनाथ, हठ योग पर आधारित है। अन्य प्रश्नों के लिए प्रश्नोत्तरी पृष्ठ देखें।