विस्तृत उत्तर
नहीं, घर के पूजा घर में दो शिवलिंग रखना वर्जित है। यह शास्त्रों और वास्तु दोनों में स्पष्ट रूप से निषेध है।
शास्त्रीय आधार
प्राचीन शास्त्रों में स्पष्ट श्लोक है:
*'शंखद्वयं तथा सूर्यो नार्च्यो शक्तित्रयं तथा। द्वे चक्रे द्वारकायास्तु शालग्राम शिलाद्वयम्। तेषां तु पूजनेनैव उद्वेगं प्राप्नुयाद् गृही।'*
अर्थ: घर में दो शिवलिंग, दो शंख, दो शालिग्राम, तीन गणेश, दो सूर्य और तीन दुर्गा मूर्तियों की पूजा करने से गृहस्थ व्यक्ति को अशांति प्राप्त होती है।
कारण
- ▸शिवलिंग अत्यंत शक्तिशाली और संवेदनशील ऊर्जा केंद्र माना जाता है।
- ▸दो शिवलिंग रखने से ऊर्जाओं में टकराव होता है।
- ▸एक से अधिक रखना महादेव का अपमान माना जाता है।
शिवलिंग के नियम
- ▸घर में केवल एक छोटा शिवलिंग रखें।
- ▸शिवलिंग का आकार अंगूठे से बड़ा नहीं होना चाहिए।
- ▸शिवलिंग के साथ नंदी की मूर्ति सामने (शिवलिंग की ओर मुख करके) रखें।
- ▸शिव परिवार (पार्वती, गणेश, कार्तिकेय) का एक फोटो/मूर्ति साथ रखना शुभ है।
- ▸शिवलिंग की नियमित पूजा और अभिषेक अनिवार्य है।





