विस्तृत उत्तर
रुद्रप्रयाग = उत्तराखंड — मंदाकिनी + अलकनंदा नदियों का संगम। पंचप्रयाग में से एक।
पवित्र क्यों: 'रुद्र' = शिव। मान्यता: भगवान शिव ने यहाँ रुद्र रूप में तांडव किया + नारद मुनि ने यहाँ तपस्या कर शिव को प्रसन्न किया → शिव ने वीणा वादन किया। इसलिए 'रुद्रप्रयाग'।
पंचप्रयाग (5 संगम): 1. विष्णुप्रयाग (अलकनंदा+धौलीगंगा) 2. नंदप्रयाग (अलकनंदा+नंदाकिनी) 3. कर्णप्रयाग (अलकनंदा+पिंडर) 4. रुद्रप्रयाग (अलकनंदा+मंदाकिनी) 5. देवप्रयाग (अलकनंदा+भागीरथी=गंगा)।
दर्शन: रुद्रनाथ मंदिर (संगम पर), चामुंडा देवी। केदारनाथ मार्ग पर = यात्री रुकते।
