विस्तृत उत्तर
सूतक काल में भोजन के विशेष नियम:
भोजन कैसा
- 1सादा/सात्विक — तेल, मसाले, तली चीजें कम/वर्जित।
- 2शाकाहारी — मांसाहार/अंडा पूर्णतः वर्जित।
- 3बासी नहीं — ताजा बनाकर खाएं।
- 4मिठाई/उत्सव भोजन — वर्जित।
- 5कुछ परंपराओं में: प्रथम 3 दिन केवल दूध-फल; बाद में सादा भोजन।
कौन बनाए
- 1परिवार के सदस्य — जिन्हें सूतक लगा हो, वे स्वयं बना सकते (स्नान करके)।
- 2बाहर के व्यक्ति — कुछ परंपरा में पड़ोसी/रिश्तेदार (जिन्हें सूतक न लगा) भोजन भेजते हैं।
- 3आधुनिक: बाहर से मंगवाना = स्वीकार्य (कुछ परंपरा)।
13 दिन बाद: शुद्धि स्नान; सामान्य भोजन पुनः। रसोई शुद्धि — गंगाजल छिड़काव।





