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विस्तृत उत्तर
यमलोक ब्रह्मांड के दक्षिणी भाग में स्थित बताया गया है। मृत्यु के बाद पापी आत्मा को यमदूत काल-पाश में बांधकर और डराते-धमकाते हुए बलपूर्वक दक्षिण दिशा के यममार्ग की ओर खींच ले जाते हैं। यह वही मार्ग है जो मृत्युलोक से यमलोक तक जाता है। यममार्ग की कुल दूरी ८६,००० योजन बताई गई है, जिसे आत्मा ३४८ दिनों में तय करती है। दक्षिण दिशा का यममार्ग पापी आत्मा के लिए अत्यंत दुर्गम, अंधकारमय और भयंकर बताया गया है।
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