ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
उद्देश्य अनुसार मंत्र
राहु

राहु नवग्रह मंत्र

ॐ नाकध्वजाय विद्महे पद्महस्ताय धीमहि तन्नो राहुः प्रचोदयात्।

सर्प भय निवारण, छिपे हुए खजाने या गुप्त धन की प्राप्ति और अतीन्द्रिय क्षमता (Sixth sense) के विकास हेतु। 16

साधना मंडल

जप, संकल्प और उपासना संकेत

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प्रकारनवग्रह मंत्र
प्रयोजन

यह मंत्र क्यों?

सर्प भय निवारण, छिपे हुए खजाने या गुप्त धन की प्राप्ति और अतीन्द्रिय क्षमता (Sixth sense) के विकास हेतु। 16

लाभ एक दृष्टि में

इस मंत्र से क्या होगा?

01

सर्प भय निवारण, छिपे हुए खजाने या गुप्त धन की प्राप्ति और अतीन्द्रिय क्षमता (Sixth sense) के विकास हेतु

जाप विधि

ग्रहण काल या अमावस्या की रात्रि में एक सौ आठ बार जप। 16

विशेष टिप्पणियाँ

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