नवार्ण दुर्गा (चामुण्डा) तांत्रिक तांत्रिक मंत्र
ॐ ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे
सर्व बाधाओं का नाश, नवदुर्गा की सम्मिलित शक्तियों का जागरण, और असीम साहस तथा तंत्र-रक्षा की प्राप्ति 41।
जप, संकल्प और उपासना संकेत
जप काउंटर लोड हो रहा है...
यह मंत्र क्यों?
सर्व बाधाओं का नाश, नवदुर्गा की सम्मिलित शक्तियों का जागरण, और असीम साहस तथा तंत्र-रक्षा की प्राप्ति 41।
इस मंत्र से क्या होगा?
सर्व बाधाओं का नाश, नवदुर्गा की सम्मिलित शक्तियों का जागरण, और असीम साहस तथा तंत्र-रक्षा की प्राप्ति
जाप विधि
रुद्राक्ष माला से देवी की प्रतिमा या यंत्र के समक्ष नित्य जप। गुप्त नवरात्रि के दौरान इस मंत्र का पुरश्चरण अत्यंत फलदायी माना गया है। जप से पूर्व कवच, अर्गला और कीलक का तांत्रिक विधान पूर्ण किया जाता है 40।
विशेष टिप्पणियाँ
अलग-अलग श्रेणियों से
हर श्रेणी से एक चुनिंदा मंत्र — नया खोजें
ॐ पार्वती वल्लभाय नमः।
mool mantraॐ चुं चण्डीश्वराय तेजस्याय चुं ॐ फट्
stotra mantraरामो राजमणि: सदा विजयते रामं रमेशं भजे । रामेणाभिहता निशाचरचमू रामाय तस्मै नम: । रामान्नास्ति परायणं परतरं रामस्य दासोऽस्म्यहम् । रामे चित्तलय: सदा भवतु मे भो राम मामुद्धर ॥ 16
jap mantraश्री राम दूताय नम:
vaidik mantraॐ एतावानस्य महिमातो ज्यायांश्च पूरुषः । पादोऽस्य विश्वा भूतानि त्रिपादस्यामृतं दिवि ॥
gyan mantraमेधादेवी जुषमाणा न आगाद्विश्वाची भद्रा सुमनस्य माना । त्वया जुष्टा नुदमाना दुरुक्तान् बृहद्वदेम विदथे सुवीराः । त्वया जुष्ट ऋषिर्भवति देवि त्वया ब्रह्माऽऽगतश्रीरुत त्वया । त्वया जुष्टश्चित्रं विन्दते वसु सा नो जुषस्व द्रविणो न मेधे ॥