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उद्देश्य अनुसार मंत्र
बगलामुखी (ब्रह्मास्त्र विद्या)

बगलामुखी (ब्रह्मास्त्र विद्या) उग्र मंत्र

ॐ ह्लीं बगलामुखि सर्वदुष्टानां वाचं मुखं पदं स्तम्भय जिह्वां कीलय बुद्धिं विनाशय ह्लीं ॐ स्वाहा

शत्रु की वाणी, मुख और पैरों का प्रबल स्तंभन (Paralysis), शत्रु की कुबुद्धि व षड्यंत्र का पूर्ण विनाश 6।

साधना मंडल

जप, संकल्प और उपासना संकेत

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प्रकारउग्र मंत्र
प्रयोजन

यह मंत्र क्यों?

शत्रु की वाणी, मुख और पैरों का प्रबल स्तंभन (Paralysis), शत्रु की कुबुद्धि व षड्यंत्र का पूर्ण विनाश 6।

लाभ एक दृष्टि में

इस मंत्र से क्या होगा?

01

शत्रु की वाणी, मुख और पैरों का प्रबल स्तंभन (Paralysis), शत्रु की कुबुद्धि व षड्यंत्र का पूर्ण विनाश

जाप विधि

त्रिशक्ति आह्वान के अंतर्गत तांत्रिक विधि से पीले वस्त्र, पीला आसन व हल्दी की माला का प्रयोग करते हुए गुरु के सानिध्य में जप 6।

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