विष्णु पुराण (६.३.२८-२९) में वर्णन है कि संकर्षण की अग्नि का भयंकर ताप महर्लोक को संतापित करता है जिससे भृगु आदि महर्षि इसे छोड़कर जनलोक की ओर पलायन करते हैं।
स्रोत प्रश्न: विष्णु पुराण के छठे अंश में महर्लोक के संताप का वर्णन क्या है? →सनातन धर्म के सभी प्रमुख शब्दों के क्या है।
सभी महर्लोक सम्बन्धित प्रश्नोत्तर एक स्थान पर।