विस्तृत उत्तर
हनुमान जी उग्र देवता भी हैं — लापरवाही और प्रमाद उन्हें पसंद नहीं। उनकी नाराजगी के कुछ संकेत माने जाते हैं:
स्वप्न में संकेत — स्वप्न में क्रोधित या रौद्र रूप में हनुमान दिखना, या क्रोधित बंदर का सपने में दिखना — यह संकेत है कि हनुमान जी किसी गलती से रुष्ट हैं।
जीवन में संकेत — बने-बनाए काम अचानक बिगड़ने लगें, घर में अकारण कलह और आर्थिक हानि हो, जीवन में बार-बार बाधाएँ आएँ — यह हनुमान-कृपा के हटने के संकेत हो सकते हैं।
पूजा में विमुखता — हनुमान चालीसा पढ़ने में मन न लगे, मंगलवार और शनिवार को हनुमान जी के दर्शन की इच्छा न हो — यह भी एक संकेत है।
शास्त्रीय कारण — जो लोग हनुमान भक्त हैं उन्हें सात्विकता और ब्रह्मचर्य (पूजा वाले दिन) का पालन करना आवश्यक है। मंगलवार को मांस-मदिरा और सूतक में पूजा — ये गलतियाँ नाराजगी का कारण बन सकती हैं।
सुधार — क्षमायाचना के साथ हनुमान चालीसा का 108 बार पाठ, मंगलवार को व्रत, सिंदूर-चमेली तेल अर्पण और राम-नाम जप से पुनः कृपा प्राप्त होती है।





