विस्तृत उत्तर
संकल्प = जप/अनुष्ठान आरंभ से पहले ईश्वर के समक्ष 'प्रतिज्ञा':
विधि
- 1पूर्व/उत्तर मुख, आसन पर बैठें।
- 2दाहिने हाथ में जल + अक्षत + फूल लें।
- 3संकल्प वचन: 'ॐ विष्णुर्विष्णुर्विष्णुः। अद्य [तिथि/दिन/नक्षत्र] शुभे मुहूर्ते, [अपना नाम] अहं, [उद्देश्य] कामः, [मंत्र नाम] मंत्रस्य [संख्या] जपं करिष्ये।'
- 4जल बाएं हाथ की ओर छोड़ दें।
सरल संकल्प: 'मैं [नाम], आज [तिथि] को, [मनोकामना] हेतु, [मंत्र] का [संख्या] जप करता/करती हूं। ॐ।'
उदाहरण: 'ॐ, मैं शिव कृपा हेतु ॐ नमः शिवाय का सवा लाख जप 40 दिन में पूर्ण करूंगा। ॐ।'
नियम: संकल्प लें तो पूर्ण करें — अधूरा = संकल्प भंग।





