विस्तृत उत्तर
रुद्राक्ष को दूध में भिगोना = शुद्धि/सिद्धि प्रक्रिया का अंग (प्रश्न 617 विस्तार)।
विधान
- 1कच्चा (raw) गाय दूध = सर्वोत्तम।
- 2भिगोने अवधि — रातभर (8-12 घंटे) या 24 घंटे।
- 3फिर — गंगाजल/शुद्ध जल से धोएं।
- 4मंत्र — 'ॐ नमः शिवाय' 108 बार जपकर पहनें।
क्यों दूध: दूध = सात्विक, शुद्ध; रुद्राक्ष की नकारात्मक ऊर्जा (पूर्व धारक/यात्रा) शोषित करता है। पंचामृत = और भी उत्तम।
कब: पहली बार + प्रत्येक सोमवार/शिवरात्रि (नियमित शुद्धि)। या जब ऊर्जा कम लगे।





