विस्तृत उत्तर
यदि कुंडली के 1, 4, 7, 8 या 12वें भाव में मंगल हो, तो मांगलिक दोष बनता है। इससे विवाह में विलंब, दांपत्य जीवन में कलह और जीवनसाथी के स्वास्थ्य को खतरा होता है। मंगलवार व्रत को इस दोष के शमन का सबसे प्रभावी उपाय माना गया है। यद्यपि हनुमान जी ब्रह्मचारी हैं, किन्तु वे दांपत्य सुख के रक्षक भी हैं। दूषित मंगल से व्यक्ति क्रोधी होता है, लेकिन इस व्रत से मंगल की उग्रता शांत होती है और वह शुभ फल प्रदान करने लगता है।





