शनि नवग्रह मंत्र
ॐ काकध्वजाय विद्महे खड्गहस्ताय धीमहि तन्नो मन्दः प्रचोदयात्।
गुप्त शत्रुओं का विनाश, लंबी बीमारियों से धीरे-धीरे मुक्ति और न्यायपालिका के मामलों में निर्णय पक्ष में करने हेतु। 16
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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यह मंत्र क्यों?
गुप्त शत्रुओं का विनाश, लंबी बीमारियों से धीरे-धीरे मुक्ति और न्यायपालिका के मामलों में निर्णय पक्ष में करने हेतु। 16
इस मंत्र से क्या होगा?
गुप्त शत्रुओं का विनाश, लंबी बीमारियों से धीरे-धीरे मुक्ति और न्यायपालिका के मामलों में निर्णय पक्ष में करने हेतु
जाप विधि
शनिवार रात्रि पश्चिम मुख होकर रुद्राक्ष माला से एक सौ आठ बार जप। 16
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shanti mantraॐ सर्वे भवन्तु सुखिनः । सर्वे सन्तु निरामयाः । सर्वे भद्राणि पश्यन्तु । मा कश्चिद्दुःखभाग्भवेत् ॥ ॐ शान्तिः शान्तिः शान्तिः ॥
beej mantraजूं
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ugra mantraॐ भम भैरवाय नमस्तुभ्यम कपाले कृपणाय चंड मुंड विनाशाय वीरभद्र स्वरूपण सर्वत्र प्रभ देव रक्षक सुरा त्रोक्य विजय संभो नमस्ते काल रूपण ओम छम काल भैरवाय क्रूर रूपाय विकिरण मूर्धने श्री नेत्राय खग धणे दुर्जया भय हराय सर्व शत्रु संारकाय स्वाहा
bhakti mantraश्री राम जय राम कोदण्ड राम