श्राद्ध विधिअगर कोई संतान न हो तो श्राद्ध कौन करे?
पत्नी, भाई, भतीजा, दामाद, नाती, भांजा, शिष्य, मित्र, ब्राह्मण — कोई भी कर सकता है। सर्वपितृ अमावस्या = किसी का भी किसी के लिए। श्रद्धा प्रधान — संतान न हो तो भी उपेक्षा न करें।
#संतान नहीं#श्राद्ध#अधिकार