विस्तृत उत्तर
इसी दिव्य व्यवस्था को सुचारू रूप से चलाने हेतु परमपिता ब्रह्मा ने जिन दिव्य शक्तियों को नियुक्त किया, वे ही नवग्रह कहलाते हैं।
वे ब्रह्मांडीय न्याय के देवता हैं, जिनकी रचना स्वयं ब्रह्मा ने धर्म की व्यवस्था बनाए रखने के लिए की है।
उनका स्वरूप और उनकी उत्पत्ति पुराणों में स्पष्ट वर्णित है, जो उनके देवत्व को सिद्ध करती है।





