विस्तृत उत्तर
पारद का सबसे प्रमुख दोष 'चापल्य' या अत्यधिक चंचलता है।
नियमन' संस्कार द्वारा पारद को विशिष्ट औषधियों (जैसे सर्पाक्षी, करकोटी) के साथ कांजी में स्वेदन करके उसकी इस चंचलता को नियंत्रित किया जाता है।
नियमन संस्कार में पारद की सबसे बड़ी कमी 'चापल्य' (अत्यधिक चंचलता) को सर्पाक्षी, करकोटी जैसी औषधियों के साथ कांजी में स्वेदन करके नियंत्रित किया जाता है।
पारद का सबसे प्रमुख दोष 'चापल्य' या अत्यधिक चंचलता है।
नियमन' संस्कार द्वारा पारद को विशिष्ट औषधियों (जैसे सर्पाक्षी, करकोटी) के साथ कांजी में स्वेदन करके उसकी इस चंचलता को नियंत्रित किया जाता है।
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