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पंचांग प्रश्नोत्तरी — 64 प्रश्न

शास्त्रों और पुराणों पर आधारित पंचांग विषय के प्रामाणिक प्रश्न-उत्तर — कुल 64 प्रश्न

तिथि शास्त्र

क्षय तिथि क्या है — इसमें कौन से काम न करें?

क्षय तिथि=एक सूर्योदय में समाप्त(नष्ट)। सभी मांगलिक कार्य वर्जित(गृहप्रवेश/विवाह/खरीद)। दान/पूजा/जप मान्य। पंचांग/.com।

क्षय तिथिवर्जितपंचांग
पितृ पक्ष

पितृ पक्ष कब समाप्त होता है?

पितृ पक्ष आश्विन मास के कृष्ण पक्ष की अमावस्या (सर्वपितृ अमावस्या) पर समाप्त होता है। इसे महालया अमावस्या भी कहते हैं। यह उन पूर्वजों के श्राद्ध का दिन है जिनकी मृत्यु तिथि याद नहीं।

पितृ पक्ष समाप्तिसर्वपितृ अमावस्याआश्विन
पितृ पक्ष

पितृ पक्ष कब शुरू होता है?

पितृ पक्ष भाद्रपद मास की शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा से आरंभ होता है। इसका प्रथम दिन 'प्रतिपदा' कहलाता है, जिसे प्रतिपदा श्राद्ध या पड़वा श्राद्ध भी कहते हैं। कुल 16 दिनों तक चलता है।

पितृ पक्ष आरंभभाद्रपद पूर्णिमातिथि
पितृ पक्ष

पितृ पक्ष क्या है?

पितृ पक्ष = पितरों को समर्पित 16 दिवसीय अवधि। भाद्रपद शुक्ल पूर्णिमा से आश्विन कृष्ण अमावस्या (सर्वपितृ अमावस्या) तक। 'महालय' भी कहते हैं। इस काल में पितर वायु रूप में दक्षिण दिशा से घर आते हैं और तर्पण-अन्न की प्रतीक्षा करते हैं।

पितृ पक्षमहालयश्राद्ध काल
वसंत पंचमी परिचय

वसंत पंचमी कब होती है — कौन सी तिथि?

वसंत पंचमी = माघ मास, शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि। वर्ष 2026 में: 23 जनवरी, शुक्रवार। पंचमी तिथि: 23 जनवरी प्रातः 02:28 से 24 जनवरी प्रातः 01:46 तक।

वसंत पंचमी तिथिमाघ शुक्ल पंचमी2026
पंचांग एवं ज्योतिष

रेवती नक्षत्र क्या होता है?

रेवती 27 नक्षत्रों में 27वाँ और अंतिम। मीन 16°40'–30°। स्वामी बुध, देवता पूषा। प्रतीक मछलियों का जोड़ा। यात्रा-समापन और नई यात्रा के लिए शुभ। जन्म में कोमल, दयालु, कलाप्रेमी, आध्यात्मिक।

रेवती नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
पंचांग एवं ज्योतिष

उत्तरभाद्रपद नक्षत्र क्या होता है?

उत्तरभाद्रपद 27 नक्षत्रों में 26वाँ। मीन 3°20'–16°40'। स्वामी शनि, देवता अहिर्बुध्न्य। प्रतीक साँप की पूंछ। दान-आध्यात्म-मोक्ष साधना के लिए शुभ। जन्म में शांत, गहरे, करुणामय, उत्कृष्ट मार्गदर्शक।

उत्तरभाद्रपद नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
पंचांग एवं ज्योतिष

पूर्वभाद्रपद नक्षत्र क्या होता है?

पूर्वभाद्रपद 27 नक्षत्रों में 25वाँ। कुंभ 20°–मीन 3°20'। स्वामी बृहस्पति, देवता अजैकपाद। प्रतीक तलवार/खाट-पाये। साधना-तंत्र के लिए अनुकूल। जन्म में आदर्शवादी, परिवर्तनशील, प्रेरक वाणी।

पूर्वभाद्रपद नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
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शतभिषा नक्षत्र क्या होता है?

शतभिषा 27 नक्षत्रों में 24वाँ। कुंभ 6°40'–20°। स्वामी राहु, देवता वरुण। प्रतीक खाली वृत्त। चिकित्सा-अनुसंधान के लिए अनुकूल। जन्म में स्वतंत्र विचारक, रहस्यप्रिय, उपचारकर्ता।

शतभिषा नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
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धनिष्ठा नक्षत्र क्या होता है?

धनिष्ठा 27 नक्षत्रों में 23वाँ। मकर 23°20'–कुंभ 6°40'। स्वामी मंगल, देवता अष्टवसु। प्रतीक मृदंग। संगीत-वाहन के लिए अनुकूल, विवाह में मंगल-विचार आवश्यक। जन्म में साहसी, उदार, संगीतप्रेमी।

धनिष्ठा नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
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श्रवण नक्षत्र क्या होता है?

श्रवण 27 नक्षत्रों में 22वाँ। मकर 10°–23°20'। स्वामी चंद्रमा, देवता विष्णु। प्रतीक तीन पदचिह्न। विद्यारंभ-मंत्रदीक्षा के लिए शुभ। जन्म में बुद्धिमान, जिज्ञासु, सुशील, यात्राप्रिय।

श्रवण नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
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उत्तराषाढ़ा नक्षत्र क्या होता है?

उत्तराषाढ़ा 27 नक्षत्रों में 21वाँ। धनु 26°40'–मकर 10°। स्वामी सूर्य, देवता विश्वदेव। प्रतीक हाथी-दाँत। दीर्घकालीन और अटल कार्यों के लिए शुभ। जन्म में दृढ़, सिद्धांतवादी, सच्चे नेता।

उत्तराषाढ़ा नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
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पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र क्या होता है?

पूर्वाषाढ़ा 27 नक्षत्रों में 20वाँ। धनु 13°20'–26°40'। स्वामी शुक्र, देवता अपः (जल)। प्रतीक हाथी-दाँत/पंखा। जल-शुद्धि-यात्रा के लिए अनुकूल। जन्म में आत्मविश्वासी, अजेय, प्रभावशाली वाणी।

पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
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मूल नक्षत्र क्या होता है?

मूल 27 नक्षत्रों में 19वाँ। धनु 0°–13°20'। स्वामी केतु, देवता निर्रति। प्रतीक बँधी जड़ें। खनन-शोध-औषधि के लिए अनुकूल। जन्म में गहरे विचारक, परिवर्तनकारी, दार्शनिक।

मूल नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
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ज्येष्ठा नक्षत्र क्या होता है?

ज्येष्ठा 27 नक्षत्रों में अष्टादश। वृश्चिक 16°40'–30°। स्वामी बुध, देवता इन्द्र। प्रतीक छाता/वलय। शक्ति-नेतृत्व-शत्रु-विजय के लिए अनुकूल। जन्म में साहसी, नेतृत्व-कुशल, स्वाभिमानी।

ज्येष्ठा नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
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अनुराधा नक्षत्र क्या होता है?

अनुराधा 27 नक्षत्रों में सप्तदश। वृश्चिक 3°20'–16°40'। स्वामी शनि, देवता मित्र। प्रतीक खिला कमल। मित्रता-साझेदारी के लिए शुभ। जन्म में मित्रभावी, अनुशासित, भक्तिप्रवण।

अनुराधा नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
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विशाखा नक्षत्र क्या होता है?

विशाखा 27 नक्षत्रों में षोडश। तुला 20°–वृश्चिक 3°20'। स्वामी बृहस्पति, देवता इन्द्र-अग्नि। प्रतीक तोरण-द्वार। लक्ष्य-प्राप्ति के लिए शुभ। जन्म में उद्देश्यवान, दृढ़, प्रतिस्पर्धी।

विशाखा नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
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स्वाति नक्षत्र क्या होता है?

स्वाति 27 नक्षत्रों में पंचदश। तुला 6°40'–20°। स्वामी राहु, देवता वायु। प्रतीक उड़ता तिनका। व्यापार-साझेदारी के लिए शुभ। जन्म में स्वतंत्र, अनुकूलनशील, व्यापारकुशल, कूटनीतिक।

स्वाति नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
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चित्रा नक्षत्र क्या होता है?

चित्रा 27 नक्षत्रों में चतुर्दश। कन्या 23°20'–तुला 6°40'। स्वामी मंगल, देवता विश्वकर्मा। प्रतीक मोती/रत्न। कला-वास्तु-आभूषण के लिए शुभ। जन्म में आकर्षक, रचनात्मक, शिल्पकुशल।

चित्रा नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
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हस्त नक्षत्र क्या होता है?

हस्त 27 नक्षत्रों में त्रयोदश। कन्या 10°–23°20'। स्वामी चंद्रमा, देवता सविता। प्रतीक हथेली। हस्त-कौशल और व्यापार के लिए शुभ। जन्म में कुशल, चतुर, कलात्मक, श्रमशील।

हस्त नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
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उत्तराफाल्गुनी नक्षत्र क्या होता है?

उत्तराफाल्गुनी 27 नक्षत्रों में द्वादश। सिंह 26°40'–कन्या 10°। स्वामी सूर्य, देवता अर्यमन। प्रतीक शय्या के दो पाये। विवाह-साझेदारी के लिए शुभ। जन्म में सेवाभावी, कर्तव्यनिष्ठ, न्यायप्रिय।

उत्तराफाल्गुनी नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
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पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र क्या होता है?

पूर्वाफाल्गुनी 27 नक्षत्रों में एकादश। सिंह 13°20'–26°40'। स्वामी शुक्र, देवता भग। प्रतीक शय्या/पंखा। कला-मनोरंजन के लिए अनुकूल। जन्म में आकर्षक, उदार, कलाप्रेमी, सुखभोगी।

पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
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मघा नक्षत्र क्या होता है?

मघा 27 नक्षत्रों में दशम। सिंह 0°–13°20'। स्वामी केतु, देवता पितर। प्रतीक राजसिंहासन। पितृकर्म-श्राद्ध के लिए अनुकूल। जन्म में महत्वाकांक्षी, नेतृत्व-क्षमता, राजसी व्यक्तित्व।

मघा नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग
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आश्लेषा नक्षत्र क्या होता है?

आश्लेषा 27 नक्षत्रों में नवम। कर्क 16°40'–30°। स्वामी बुध, देवता नाग देव। प्रतीक कुण्डलित सर्प। क्रूर-गुप्त कार्यों के लिए अनुकूल। जन्म में बुद्धिमान, कूटनीतिज्ञ, रहस्यमय।

आश्लेषा नक्षत्र27 नक्षत्रपंचांग

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सनातन धर्म प्रश्नोत्तरी — शास्त्रीय ज्ञान

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