विस्तृत उत्तर
भगवान शिव के पाँच मुखों में से 'अघोर' वह मुख है जो दक्षिण दिशा का प्रतिनिधित्व करता है और नकारात्मकता के 'संहार' का प्रतीक है।
अघोर मुख शिव के दक्षिण मुख का प्रतीक है, जो नकारात्मक शक्तियों के विनाश के लिए जाना जाता है।
भगवान शिव के पाँच मुखों में से 'अघोर' वह मुख है जो दक्षिण दिशा का प्रतिनिधित्व करता है और नकारात्मकता के 'संहार' का प्रतीक है।
इस विषय पर हमारे विस्तृत लेख और मार्गदर्शिकाएँ
पौराणिक पर आपको श्री रुद्र-कवच-संहिता से जुड़े प्रमाणिक प्रश्न-उत्तर मिलेंगे। अन्य प्रश्नों के लिए प्रश्नोत्तरी पृष्ठ देखें।