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अमृत प्रश्नोत्तरी — 28 प्रश्न

शास्त्रों और पुराणों पर आधारित अमृत विषय के प्रामाणिक प्रश्न-उत्तर — कुल 28 प्रश्न

लोक

श्राद्ध और तर्पण का स्वर्लोक से क्या संबंध है?

पृथ्वी पर श्रद्धा से किया गया श्राद्ध-तर्पण स्वर्लोक में पूर्वजों को 'अमृत' के रूप में प्राप्त होता है। स्वर्ग में जो जैसा है उसे उसके अनुरूप श्राद्ध का फल मिलता है।

श्राद्धतर्पणस्वर्लोक
दिव्यास्त्र

गरुड़ ने अपनी माता को दासता से मुक्त कराने के लिए क्या किया?

गरुड़ ने देवताओं से युद्ध करके, इंद्र को परास्त करके स्वर्ग से अमृत कलश प्राप्त किया और नागों को देकर अपनी माता विनता को दासता से मुक्त कराया।

गरुड़विनताअमृत
श्रीमद्भागवत

धन्वंतरि और मोहिनी अवतार में क्या हुआ?

धन्वंतरि रूप में भगवान अमृत लेकर प्रकट हुए और मोहिनी रूप में दैत्यों को मोहित करके देवताओं को अमृत पिलाया।

धन्वंतरिमोहिनीअमृत
श्रीमद्भागवत

भागवत कथा को अमृत से श्रेष्ठ क्यों कहा गया है?

कथा में देवताओं का अमृत भी भागवत-कथामृत के सामने कम माना गया, क्योंकि भागवत भक्ति और परम फल देने वाली है।

भागवत कथाअमृतशुकदेव
लोक

समुद्र मंथन की पूरी कथा क्या है?

समुद्र मंथन में देव-असुरों ने क्षीरसागर मथा, शिव ने विष पिया, रत्न निकले और मोहिनी ने अमृत देवताओं को दिया।

समुद्र मंथन पूरी कथाकूर्मावतारअमृत
लोक

समुद्र मंथन के बाद देवताओं ने स्वर्ग कैसे पाया?

अमृत पान के बाद देवता शक्तिशाली हुए और असुरों को हराकर स्वर्ग वापस ले लिया।

देवताओं ने स्वर्ग पायाअमृतदैत्यराज बलि
लोक

सूर्य और चंद्र ने राहु को क्यों पहचान लिया?

सूर्य और चंद्र ने देवताओं की पंक्ति में बैठे स्वर्भानु असुर को पहचानकर विष्णु को संकेत दिया।

सूर्य चंद्रराहुअमृत
लोक

राहु ने अमृत कैसे पी लिया?

स्वर्भानु असुर देवता का वेश बनाकर बैठा और अमृत पी लिया, जिससे राहु बना।

राहुअमृतमोहिनी
लोक

मोहिनी ने असुरों को कैसे मोहित किया?

मोहिनी ने सौंदर्य और माया से असुरों को विवेकहीन कर दिया और अमृत कलश ले लिया।

मोहिनीअसुर मोहितअमृत
लोक

मोहिनी अवतार क्या है?

मोहिनी अवतार विष्णु का स्त्री रूप है, जिससे उन्होंने असुरों को मोहित कर अमृत देवताओं को दिया।

मोहिनी अवतारविष्णुअमृत
लोक

धन्वंतरि भगवान कौन हैं?

धन्वंतरि भगवान आयुर्वेद के देवता हैं, जो समुद्र मंथन से अमृत कलश लेकर प्रकट हुए।

धन्वंतरिआयुर्वेदअमृत
लोक

समुद्र मंथन के 14 रत्न कौन-कौन से हैं?

14 रत्नों में लक्ष्मी, धन्वंतरि, अमृत, कौस्तुभ, ऐरावत, कामधेनु, कल्पवृक्ष और हलाहल आदि शामिल हैं।

चौदह रत्नसमुद्र मंथन रत्नअमृत
लोक

विष्णु जी ने देवताओं को क्या उपाय बताया?

विष्णु ने देवताओं को असुरों से संधि कर क्षीरसागर मंथन करके अमृत पाने का उपाय बताया।

विष्णु उपायसमुद्र मंथनअमृत
लोक

समुद्र मंथन में अमृत क्यों निकाला गया?

देवताओं को अमरता और शक्ति वापस दिलाने के लिए अमृत निकाला गया।

अमृतसमुद्र मंथनदेवता
लोक

समुद्र मंथन में देवता और असुर साथ क्यों आए?

अमृत प्राप्त करने के लिए इतने बड़े कार्य में देवताओं और असुरों को मिलकर श्रम करना पड़ा।

देव असुर संधिसमुद्र मंथनअमृत
लोक

समुद्र मंथन क्यों हुआ था?

देवताओं की शक्ति लौटाने और अमृत प्राप्त करने के लिए समुद्र मंथन हुआ था।

समुद्र मंथन कारणअमृतदुर्वासा श्राप
लोक

समुद्र मंथन क्या है?

समुद्र मंथन देवताओं और असुरों द्वारा अमृत पाने के लिए क्षीरसागर को मथने की पौराणिक कथा है।

समुद्र मंथनकूर्मावतारअमृत
लोक

श्राद्ध का अन्न देव योनि में क्या बनता है?

अमृत बनता है।

देव योनिअमृतश्राद्ध अन्न
लोक

पितर देव योनि में हों तो श्राद्ध कैसे मिलता है?

देव योनि में पितरों को श्राद्ध अमृत बनकर मिलता है।

देव योनिश्राद्ध अन्नअमृत
श्राद्ध दर्शन

देवता बने पितर को श्राद्ध का अन्न किस रूप में मिलता है?

श्रेष्ठ कर्मों से देवत्व प्राप्त पितर को श्राद्ध का अन्न 'अमृत' रूप में मिलता है। मंत्र शक्ति + श्रद्धा से स्थूल अन्न देव योनि के लिए दिव्य अमृत में रूपांतरित हो जाता है। मत्स्य/स्कंद पुराण का दर्शन।

देव योनिअमृतपितर
लोक

देव योनि में पितर को श्राद्ध अन्न अमृत कैसे बनकर मिलता है?

देव योनि में स्थित पितर को श्राद्ध अन्न अमृत रूप में प्राप्त होता है।

देव योनिश्राद्ध अन्नअमृत
लोक

श्राद्ध का अन्न देव योनि में कैसे पहुँचता है?

देव योनि में श्राद्ध का अन्न वसु-रुद्र-आदित्य द्वारा अमृत में रूपांतरित होकर पहुँचता है।

श्राद्ध अन्नदेव योनिअमृत
मरणोपरांत आत्मा यात्रा

श्राद्ध अन्न देव योनि में क्या बनता है?

देव योनि में श्राद्ध अन्न अमृत बन जाता है।

श्राद्ध अन्नदेव योनिअमृत
प्रमुख पौराणिक कथाएं

समुद्र मंथन की कथा क्या है?

दुर्वासा शाप → देवता श्रीहीन → विष्णु की शरण → क्षीरसागर मंथन (मंदराचल मथानी, वासुकि रस्सी) → विष्णु ने कूर्म रूप में पर्वत धारण किया → हलाहल (शिव ने पिया) → कामधेनु, कौस्तुभ, लक्ष्मी, धन्वंतरि, अमृत प्रकट।

समुद्र मंथनदुर्वासा शापअमृत

विषय-वार प्रश्नोत्तर

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सनातन धर्म प्रश्नोत्तरी — शास्त्रीय ज्ञान

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