ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण

ब्रह्मास्त्र प्रश्नोत्तरी — 37 प्रश्न

शास्त्रों और पुराणों पर आधारित ब्रह्मास्त्र विषय के प्रामाणिक प्रश्न-उत्तर — कुल 37 प्रश्न

श्रीमद्भागवत

अर्जुन और अश्वत्थामा की ब्रह्मास्त्र कथा क्या है?

अश्वत्थामा ने भय में ब्रह्मास्त्र चलाया; कृष्ण के कहने पर अर्जुन ने ब्रह्मास्त्र से उसका निवारण किया और फिर अश्वत्थामा को बाँध लिया।

अर्जुनअश्वत्थामाब्रह्मास्त्र
श्रीमद्भागवत

अश्वत्थामा ब्रह्मास्त्र वापस क्यों नहीं ले पाया?

श्रीमद्भागवत के अनुसार अश्वत्थामा ने ब्रह्मास्त्र तो चला दिया, लेकिन उसे लौटाने की विधि वह नहीं जानता था।

अश्वत्थामाब्रह्मास्त्रकृष्ण
श्रीमद्भागवत

अश्वत्थामा ने ब्रह्मास्त्र क्यों चलाया?

अश्वत्थामा ने अर्जुन को अपनी ओर आते देखा, अपने को असहाय पाया और प्राण बचाने के लिए ब्रह्मास्त्र चलाया।

अश्वत्थामाब्रह्मास्त्रअर्जुन
श्रीमद्भागवत

अश्वत्थामा का ब्रह्मास्त्र क्या था?

अश्वत्थामा का ब्रह्मास्त्र ऐसा प्रचंड अस्त्र बताया गया है जिसका तेज सब दिशाओं में फैल गया और जिसे वह लौटाना नहीं जानता था।

अश्वत्थामा ब्रह्मास्त्रब्रह्मास्त्रकृष्ण
श्रीमद्भागवत

अश्वत्थामा की कथा क्या है?

अश्वत्थामा ने द्रौपदी के सोए हुए पुत्रों की हत्या की, ब्रह्मास्त्र चलाया, अर्जुन ने उसे पकड़ा और अंत में उसकी मणि निकालकर उसे शिविर से बाहर किया गया।

अश्वत्थामाद्रौपदी पुत्रब्रह्मास्त्र
असाध्य रोग निवारण और विशेष प्रयोग

तांत्रिक बाधा से उत्पन्न रोगों के लिए असितांग भैरव साधना कब करें?

तांत्रिक बाधा/नकारात्मक शक्ति से रोग में कालाष्टमी पर असितांग भैरव का ध्यान और जप करें — यह उच्चाटन, मारण आदि दुष्प्रभावों के लिए ब्रह्मास्त्र की तरह कार्य करता है।

तांत्रिक बाधाकालाष्टमीनकारात्मक शक्ति
महाभारत

उत्तरा के गर्भ को कृष्ण ने कैसे बचाया?

अश्वत्थामा के ब्रह्मास्त्र से उत्तरा के गर्भ में पल रहे परीक्षित की रक्षा के लिए श्रीकृष्ण ने सूक्ष्म रूप धारण करके गर्भ में प्रवेश किया और अपनी दिव्य शक्ति से ब्रह्मास्त्र के प्रहार को निष्फल किया। परीक्षित मृत जन्मे, पर कृष्ण ने उन्हें पुनर्जीवित किया।

उत्तरापरीक्षितकृष्ण
अस्त्र शस्त्र

अश्वत्थामा के पास कौन से अस्त्र थे?

अश्वत्थामा के पास ब्रह्मास्त्र, ब्रह्मशिरास्त्र, नारायणास्त्र (पिता द्रोण से) और जन्म से माथे में 'सिरोन रत्न' मणि थी जो सभी से रक्षा करती थी। यह मणि बाद में अर्जुन ने निकाल ली।

अश्वत्थामाब्रह्मशिरास्त्रनारायणास्त्र
अस्त्र शस्त्र

रामायण में राम के पास कौन-कौन से दिव्य अस्त्र थे?

विश्वामित्र ने राम-लक्ष्मण को 50+ दिव्यास्त्र दिए — 5 चक्र, ब्रह्मास्त्र, नारायणास्त्र, वज्रास्त्र, 3 पाश, आग्नेय, वायव्य सहित। रावण वध के लिए अगस्त्य मुनि ने ब्रह्मास्त्र दिया।

राम अस्त्रविश्वामित्रब्रह्मास्त्र
अस्त्र शस्त्र

कर्ण को ब्रह्मास्त्र चलाने से क्यों रोका गया?

कर्ण को किसी ने नहीं रोका — परशुराम के श्राप के कारण ठीक उस निर्णायक क्षण में जब रथ का पहिया धँसा और अर्जुन सामने था, ब्रह्मास्त्र के मंत्र उनकी स्मृति से लुप्त हो गए।

कर्णब्रह्मास्त्रपरशुराम श्राप
अस्त्र शस्त्र

राम ने रावण को किस अस्त्र से मारा था?

राम ने रावण को ब्रह्मास्त्र से नाभि पर प्रहार करके मारा था। यह अस्त्र ब्रह्माजी ने स्वयं रावण को दिया था जो मंदोदरी के कक्ष में छिपा था — हनुमान ने चतुराई से प्राप्त करके राम तक पहुँचाया।

रावण वधब्रह्मास्त्रअगस्त्य
अस्त्र शस्त्र

पाशुपतास्त्र और ब्रह्मास्त्र में कौन ज्यादा शक्तिशाली है?

पुराणों के अनुसार पाशुपतास्त्र ब्रह्मास्त्र से अधिक शक्तिशाली है — एक संदर्भ में पाशुपतास्त्र ब्रह्मास्त्र को निगल सकता है। यह मन, वाणी, नेत्र और धनुष — चारों से चलाया जा सकता था।

पाशुपतास्त्रब्रह्मास्त्रतुलना
अस्त्र शस्त्र

अर्जुन के पास कौन-कौन से दिव्य अस्त्र थे?

अर्जुन के पास पाशुपतास्त्र (शिव से), ब्रह्मास्त्र (द्रोण से), नारायणास्त्र, वज्रास्त्र (इंद्र से), गांडीव+अक्षय तरकश (अग्नि-वरुण से) सहित अनेक दिव्यास्त्र थे।

अर्जुन अस्त्रपाशुपतास्त्रब्रह्मास्त्र

विषय-वार प्रश्नोत्तर

🙏पूजा विधि📿मंत्र जाप विधि🔱शिव पूजा🔮तंत्र साधना🏠वास्तु शास्त्र💭सपनों का मतलब🪐ज्योतिष उपाय🙏व्रत उपवास🔥देवी पूजा🧘ध्यान साधना🛕तीर्थ यात्रा🔥हवन यज्ञ📜स्तोत्र पाठ🐘गणेश पूजा🙏विष्णु भक्ति📖सनातन दर्शन🕯️श्राद्ध पितृ कर्म🎗️संस्कार विधि❤️भक्ति साधनाधार्मिक उपाय

सनातन धर्म प्रश्नोत्तरी — शास्त्रीय ज्ञान

पौराणिक प्रश्नोत्तरी पर आपको हिंदू धर्म, वेद, पुराण, भगवद गीता, रामायण, महाभारत, पूजा विधि, व्रत-त्योहार, मंत्र, देवी-देवताओं और सनातन संस्कृति से जुड़े सैकड़ों प्रश्नों के प्रामाणिक उत्तर मिलेंगे। प्रत्येक उत्तर शास्त्रों और प्राचीन ग्रंथों पर आधारित है। किसी भी प्रश्न पर क्लिक करें और विस्तृत, प्रमाणित उत्तर पढ़ें।