विस्तृत उत्तर
शास्त्रों के अनुसार, इस पूरे ब्रह्मांड में 14 लोक स्थित हैं (अतल, वितल, सुतल से लेकर सत्य लोक तक)। अनंत सूत्र की 14 गांठें इन्हीं चौदह लोकों का प्रतिनिधित्व करती हैं। इन गांठों के माध्यम से भक्त यह स्वीकार करता है कि भगवान विष्णु 14 लोकों में उसकी रक्षा कर रहे हैं।




