ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
📿
धर्म-संबंधी शंका हो? शास्त्रों में उत्तर है।
पौराणिक प्रश्नोत्तरी — वेद, पुराण और तंत्र-शास्त्रों से प्रमाणित उत्तर, सरल हिंदी में
सभी प्रश्न देखें →
लक्ष्मी मंत्र📜 तंत्र शास्त्र, लक्ष्मी उपासना पद्धति1 मिनट पठन

लक्ष्मी बीज मंत्र 'श्रीं' का जप कितनी बार करना चाहिए?

संक्षिप्त उत्तर

108 बार (दैनिक), 1008 उत्तम, सवा लाख अनुष्ठान। स्फटिक/कमलगट्टा माला। शुक्रवार, लाल आसन। 'ॐ श्रीं श्रीं श्रीं महालक्ष्म्यै नमः'। धन आगमन, ऋण मुक्ति।

📖

विस्तृत उत्तर

'श्रीं' (ॐ श्रीं) लक्ष्मी का मूल बीजाक्षर:

जप संख्या

  • 108 बार (1 माला) — दैनिक न्यूनतम।
  • 1008 बार (10 माला) — उत्तम।
  • सवा लाख (1,25,000) — पूर्ण अनुष्ठान + हवन।

विधि: स्फटिक/कमलगट्टा माला, शुक्रवार आरंभ, लाल/गुलाबी आसन, लक्ष्मी समक्ष, घी दीपक।

विस्तारित मंत्र

  • 'ॐ श्रीं श्रीं श्रीं महालक्ष्म्यै नमः' — धन प्राप्ति।
  • 'ॐ श्रीं ह्रीं श्रीं कमले कमलालये प्रसीद प्रसीद ॐ श्रीं ह्रीं श्रीं महालक्ष्म्यै नमः' — सम्पूर्ण।

लाभ: धन आगमन, ऋण मुक्ति, व्यापार वृद्धि, स्थिर लक्ष्मी।

📜
शास्त्रीय स्रोत
तंत्र शास्त्र, लक्ष्मी उपासना पद्धति
क्या यह उत्तर उपयोगी था? इसे अपने प्रियजनों के साथ साझा करें

🏷 सम्बंधित विषय

श्रींबीज मंत्रजपसंख्यालक्ष्मी

इसी विषय के अन्य प्रश्न

📚

विस्तार से पढ़ें

इस विषय पर हमारे विस्तृत लेख और मार्गदर्शिकाएँ

लक्ष्मी बीज मंत्र 'श्रीं' का जप कितनी बार करना चाहिए — शास्त्रों के अनुसार

पौराणिक पर आपको लक्ष्मी मंत्र से जुड़े प्रमाणिक प्रश्न-उत्तर मिलेंगे। यह उत्तर तंत्र शास्त्र, लक्ष्मी उपासना पद्धति पर आधारित है। अन्य प्रश्नों के लिए प्रश्नोत्तरी पृष्ठ देखें।