विस्तृत उत्तर
माँ बगलामुखी की साधना की पूर्ण विधि:
— प्रातःकाल स्नान कर पीले वस्त्र धारण करें।
— पूर्व या उत्तर दिशा की ओर मुख करके पीले आसन पर बैठें।
— गुरु पूजन, गणपति पूजन और मृत्युंजय मंत्र का एक माला जाप करें।
— संकल्प, आवाहन और न्यास (अंगन्यास, करन्यास) करें।
— हल्दी की माला से निर्दिष्ट बगलामुखी मंत्र का जाप करें (जैसे 6 माला प्रतिदिन या सवा लाख मंत्रों का अनुष्ठान)।
— पूजा के उपरांत दान करने का भी विधान है।





