विस्तृत उत्तर
शिव के गले में लिपटा सर्प अहंकार और समय (काल) पर उनके पूर्ण नियंत्रण का सूचक है।
सर्प का विष मानव मन के विकारों का प्रतीक है, जिसे शिव ने गले में धारण कर वश में किया है।
योग दर्शन में यह जाग्रत कुंडलिनी शक्ति का भी प्रतीक है।
नाग = अहंकार और काल (समय) पर पूर्ण नियंत्रण। सर्प का विष = मानव मन के विकारों का प्रतीक जिन्हें शिव ने वश में किया। योग दर्शन में यह जाग्रत कुंडलिनी शक्ति का भी प्रतीक है।
शिव के गले में लिपटा सर्प अहंकार और समय (काल) पर उनके पूर्ण नियंत्रण का सूचक है।
सर्प का विष मानव मन के विकारों का प्रतीक है, जिसे शिव ने गले में धारण कर वश में किया है।
योग दर्शन में यह जाग्रत कुंडलिनी शक्ति का भी प्रतीक है।
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