विस्तृत उत्तर
वाहन-पूजन के पश्चात स्वामी के लिए कुछ नियमों का पालन अनिवार्य बताया गया है, ताकि पूजन का प्रभाव स्थायी रहे:
निषेध:
— वाहन में मद्यपान या मांसाहार का सेवन: यह वाहन की सात्विक सुरक्षा कवच को भंग करता है।
— क्रोध या अपशब्दों का प्रयोग करते हुए चालन: मानसिक विक्षोभ दुर्घटना का प्राथमिक कारण है।
नियम:
— प्रथम यात्रा मंदिर की ओर — कृतज्ञता और दैवीय समर्पण।
— निरंतर स्वच्छता और पवित्रीकरण — जहाँ शुद्धि है, वहीं लक्ष्मी और ऊर्जा का वास है।
— समय-समय पर 'विश्वकर्मा पूजा' करना — यांत्रिक स्थिरता और शिल्पी दोष का निवारण।





