विस्तृत उत्तर
अर्धनारीश्वर स्तोत्र का पहला श्लोक इस प्रकार है:
चाम्पेयगौरार्धशरीरकायै कर्पूरगौरार्धशरीरकाय।
धम्मिल्लकायै च जटाधराय नमः शिवायै च नमः शिवाय॥
हिंदी अर्थ: जिनका आधा शरीर चंपा पुष्प के समान पीत-गौर वर्ण का है, और आधा शरीर कपूर के समान श्वेत-गौर वर्ण का है। जिनके एक ओर सुसज्जित केश-विन्यास (धम्मिल्ल) है और दूसरी ओर जटाजूट है। उन शिवा और शिव को मेरा नमस्कार है।





