विस्तृत उत्तर
महेश्वर कवचम् का पहला (आवाहन) श्लोक इस प्रकार है:
'नमस्तस्मै शिवाय महादेव, यस्य अनंता कीर्तिः, जीव पर सदा अनुकंपा...'
सरल हिंदी अर्थ: 'उस महाकाल सदाशिव को मेरा नमस्कार है, जिनकी कीर्ति (यश) अनंत है, और जिनकी कृपा हर जीव पर अत्यंत है।'
महेश्वर कवचम् का पहला श्लोक (आवाहन): 'नमस्तस्मै शिवाय महादेव, यस्य अनंता कीर्तिः, जीव पर सदा अनुकंपा...' — अर्थ: उस महाकाल सदाशिव को नमस्कार जिनकी कीर्ति अनंत और कृपा हर जीव पर है।
महेश्वर कवचम् का पहला (आवाहन) श्लोक इस प्रकार है:
'नमस्तस्मै शिवाय महादेव, यस्य अनंता कीर्तिः, जीव पर सदा अनुकंपा...'
सरल हिंदी अर्थ: 'उस महाकाल सदाशिव को मेरा नमस्कार है, जिनकी कीर्ति (यश) अनंत है, और जिनकी कृपा हर जीव पर अत्यंत है।'
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