विस्तृत उत्तर
ध्यान श्लोक (2.3) का पाठ करते हुए असितांग भैरव का यंत्र, विग्रह या स्थापित चित्र में आवाहन किया जाता है, उन्हें भक्त के समक्ष प्रकट होने के लिए प्रार्थना की जाती है।
ध्यान श्लोक का पाठ करते हुए असितांग भैरव के यंत्र, विग्रह या चित्र में आवाहन करें और भक्त के समक्ष प्रकट होने की प्रार्थना करें।
ध्यान श्लोक (2.3) का पाठ करते हुए असितांग भैरव का यंत्र, विग्रह या स्थापित चित्र में आवाहन किया जाता है, उन्हें भक्त के समक्ष प्रकट होने के लिए प्रार्थना की जाती है।
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