विस्तृत उत्तर
विद्या और बुद्धि की अधिष्ठात्री देवी सरस्वती का मूल बीज मंत्र 'ऐं' (Aim) है। तंत्र शास्त्रों के अनुसार, 'ऐं' मंत्र साक्षात् वाक् शक्ति का प्रतीक है। विद्यार्थियों और साधकों के लिए इस मंत्र का जप स्मरण शक्ति और एकाग्रता बढ़ाने के लिए रामबाण माना जाता है। प्रातः काल सफ़ेद आसन पर बैठकर स्फटिक की माला से 'ॐ ऐं सरस्वत्यै नमः' का जप करने से मानसिक स्पष्टता आती है और वाणी में माधुर्य बढ़ता है। यह मंत्र सोई हुई बौद्धिक क्षमताओं को जाग्रत करने की शक्ति रखता है।





