विस्तृत उत्तर
दर्शन शुभ समय:
सर्वोत्तम
- 1ब्रह्ममुहूर्त (3:30-5:30): मंगला आरती = सर्वप्रथम दर्शन = सबसे शुभ।
- 2सूर्योदय (6:00-7:00): प्रातः पूजा बाद = शुभ।
- 3संध्या (सूर्यास्त ±30 मिनट): संध्या आरती = दिन-रात संधि = अत्यंत शक्तिशाली।
विशेष
- ▸अभिषेक समय: सुबह = अभिषेक दर्शन = विशेष।
- ▸आरती समय: मंगला/राजभोग/संध्या/शयन = आरती = शुभ।
- ▸एकादशी/प्रदोष/शिवरात्रि: विशेष तिथि = अत्यंत शुभ।
बचें: दोपहर 12:00-3:00 = कुछ मंदिर बंद (भगवान विश्राम)। रात्रि (शयन बाद) = बंद।
सार: 'कोई भी समय शुभ — भक्ति भाव हो।' किन्तु ब्रह्ममुहूर्त+संध्या = सर्वश्रेष्ठ।





