सोलह श्रृंगार का आध्यात्मिक अर्थ का सबसे सीधा सार यह है: 16 श्रृंगार=16 ऊर्जा बिंदु। बिंदी=आज्ञा चक्र, चूड़ी=नाड़ी, बिछिया=प्रजनन। सौंदर्य+स्वास्थ्य+आध्यात्मिकता।
महिला एवं धर्म जैसे विषयों में यह देखना जरूरी होता है कि बात किस परिस्थिति में लागू होती है, किन नियमों के साथ मान्य होती है और व्यवहार में इसका सही अर्थ क्या निकलता है.
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•उत्तर पढ़ते समय यह देखें कि उसमें नियम, अपवाद और व्यवहारिक संदर्भ साफ हैं या नहीं।
•महिला एवं धर्म श्रेणी के दूसरे प्रश्न इस उत्तर की सीमा और उपयोग दोनों स्पष्ट करते हैं।
•यदि विस्तृत विधि या पृष्ठभूमि चाहिए, तो नीचे दिए गए लेख पहले खोलें।