विस्तृत उत्तर
संमोहनास्त्र एक विशेष प्रकार का दिव्यास्त्र है जो शत्रु को मोहित (सम्मोहित) कर देता है।
संमोहनास्त्र क्या है — यह अस्त्र शत्रु को मारता नहीं बल्कि उसकी चेतना और विवेक को नष्ट कर देता है। इस अस्त्र के प्रभाव से शत्रु-सेना भ्रमित हो जाती है, निद्रा में पड़ जाती है या अपना होश खो देती है। योद्धा अपना अस्त्र-शस्त्र भूल जाते हैं।
संमोहनास्त्र की विशेषता — यह मानसिक और आत्मिक स्तर पर काम करता है। इस अस्त्र से कोई शारीरिक क्षति नहीं होती परंतु शत्रु युद्ध करने में असमर्थ हो जाता है। एक अर्थ में यह अधिक मानवीय अस्त्र था — हत्या नहीं, केवल निष्क्रियता।
प्राप्ति — संमोहनास्त्र विशेष मंत्र-साधना से प्राप्त होता था। यह मन के देवताओं या इंद्र से संबंधित बताया जाता है।
रामायण में — वाल्मीकि रामायण में विश्वामित्र ने श्रीराम को संमोहनास्त्र सहित अनेक दिव्यास्त्रों की दीक्षा दी थी।




