विस्तृत उत्तर
कृष्ण लीलाभूमि — मथुरा-वृंदावन के आसपास।
दर्शन क्रम (1-2 दिन): मथुरा (जन्मभूमि+द्वारकाधीश) → वृंदावन (बांके बिहारी+इस्कॉन+प्रेम मंदिर+निधिवन) → गोकुल (कृष्ण बाल्यकाल; नंद भवन; रमन रेती) → नंदगाव (नंद बाबा गांव; नंदीश्वर मंदिर पहाड़ी पर) → बरसाना (राधा जन्मभूमि; राधा रानी मंदिर पहाड़ी; लट्ठमार होली प्रसिद्ध) → गोवर्धन (गिरिराज परिक्रमा 21km; कृष्ण ने गोवर्धन उठाया)।
विशेष: होली = बरसाना/नंदगाव लट्ठमार होली (विश्व प्रसिद्ध)। जन्माष्टमी = मथुरा। राधाष्टमी = बरसाना।
मथुरा से दूरी: गोकुल ~15km, नंदगाव ~50km, बरसाना ~45km, गोवर्धन ~25km।





