विस्तृत उत्तर
भगवान कार्तिकेय को वेल (दिव्य भाला) उनकी माता पार्वती ने दिया था।
कथा — कार्तिकेय के जन्म का उद्देश्य तारकासुर-वध था। जन्म के पश्चात जब कार्तिकेय देवताओं के सेनापति बने और तारकासुर से युद्ध के लिए तैयार हुए तब माता पार्वती ने उन्हें अपनी शक्ति से परिपूर्ण वेल प्रदान किया।
पार्वती का वेल — यह वेल माँ पार्वती की स्वयं की दिव्य शक्तियों से परिपूर्ण था। पार्वती ही आदिशक्ति हैं — उनकी शक्ति से सिद्ध यह वेल अजेय और अचूक था। कहा जाता है कि माता पार्वती ने तारकासुर-वध के लिए 'जा' (जाओ) कहकर यह वेल पुत्र को सौंपा।
स्कंद पुराण में — स्कंद पुराण (कांड पुराण) में वर्णित है कि माँ पार्वती द्वारा दी गई शक्तियों से परिपूर्ण अस्त्र का नाम वेल है। कार्तिकेय की मूर्ति में वेल सदैव माता की शक्ति का प्रतीक होता है।





