विस्तृत उत्तर
गरुड़ पुराण में क्रोध के कारण किए गए पापों के दंड का वर्णन है।
क्रोध-जनित हिंसा — 'क्रीमिक नरक में जानवरों की हत्या करने वालों को कीट काटते हैं। लोहशंकु नरक में निर्दोष की हत्या करने वालों को लोहे की कीलों से बींधा जाता है।'
क्रोध में स्त्री-पीड़न — 'रौरव नरक में अपनी पत्नी को मानसिक और शारीरिक कष्ट देने वाले को वही कष्ट कई गुना बढ़कर झेलने पड़ते हैं।'
सुघोर्म नरक — 'अन्याय करने वालों को खौलते तेल में डाला जाता है।' क्रोध में अन्याय का यह परिणाम है।
नरक में प्रत्येक पाप अलग — 'नरक में प्रत्येक पाप के लिए अलग-अलग दंड के स्थान और प्रकार बताए गए हैं, जैसे क्रोध के लिए भी अलग यातनाएं।'
पुनर्जन्म में — क्रोध में हिंसा करने वाले अगले जन्म में उसी हिंसा का शिकार बनते हैं।





