विस्तृत उत्तर
हाँ। गरुड़ पुराण में नरक में अंधकार का विस्तृत वर्णन है और इसके लिए विशेष नरक भी हैं।
तामिस्र नरक — 'तामिस्र' का अर्थ ही 'घना अंधकार' है। 'जो मनुष्य लोभ या स्वाद के लिए निर्दोष जानवरों की हत्या करता है, उसे तामिस्र नरक में भेजा जाता है। यहाँ आत्मा को अंधकारमय गुफा में बंद कर, लोहे की छड़ों से लगातार पीटा जाता है।'
अंधतामिस्त्र नरक — 'अंधतामिस्त्र' = परम अंधकार। 'जो व्यक्ति अधर्म से कुटुम्ब के भरण-पोषण के लिए प्रयत्नशील है, वह अंधतामिस्त्र नामक नरक में जाता है।' यह सर्वाधिक अंधकारमय नरक है।
चुगली का दंड — 'अंधतोमिस्र नरक में चुगली करने वालों को अंधेरे में तड़पाया जाता है।'
अंधकार का प्रतीकात्मक अर्थ — पाप 'ज्ञान का नाश' करता है। जो प्रकाश (सत्य-ज्ञान) से भागा, उसे अंधकार में भेजा जाता है।





