विस्तृत उत्तर
शाबर मंत्रों का प्रयोग केवल कल्याणकारी प्रयोजनों—आत्म-रक्षा, भय निवारण, रोग मुक्ति और धर्म की स्थापना के लिए ही किया जाना चाहिए। शत्रु नाश का प्रयोग भी केवल न्याय और आत्मरक्षा के लिए ही होना चाहिए। किसी भी प्रतिशोध या अनैतिक भावना के लिए इनका प्रयोग सख्त वर्जित है। लापरवाही या गलत उपयोग करने पर ये मंत्र साधक के लिए घातक सिद्ध हो सकते हैं। शिव शाबर मंत्र साधक की ‘त्राहिमाम’ पुकार के जवाब में प्राप्त एक शक्तिशाली ‘अस्त्र’ हैं।





