विस्तृत उत्तर
देवी को सुगन्धित धूप अर्पित की जाती है, जो काले अगरु, कपूर, लाल चंदन, सिह्लक और गुग्गुल को घी में संतृप्त करके बनाई जाती है।
स्थल शुद्धि के समय भी वातावरण की नकारात्मक और ठहरी हुई ऊर्जा को समूल नष्ट करने के लिए गुग्गुल (Guggula) और सिह्लक (लोबान) की धूप जलाई जाती है, जो देवी को अत्यंत प्रिय है।
तत्पश्चात् सौ या हजार कपूर के दीपक या घृत (घी) का अखण्ड दीपक प्रज्वलित किया जाता है।





