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विस्तृत उत्तर
नीलकंठ स्वरूप की साधना में गन्ने का रस (इक्षु रस) अर्पित करने का विशेष महत्व है।
यह विशेष रूप से तांत्रिक बाधाओं, नकारात्मक ऊर्जा, और ग्रह दोषों को दूर करने के लिए अनुशंसित है।
शिवलिंग पर गन्ने के रस की धारा अर्पित करने के बाद जल अवश्य अर्पित करना चाहिए।
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