विस्तृत उत्तर
गरुड़ पुराण में प्रेतकल्प के श्रवण के उद्देश्यों का स्पष्ट वर्णन है।
मृत आत्मा की सद्गति — प्रमुख उद्देश्य। 'शास्त्रों के अनुसार मृतक की आत्मा गरुड़ पुराण की कथा को सुनती है जिससे उसे मुक्ति मिल सके।' श्रवण का पहला और सबसे महत्वपूर्ण उद्देश्य यही है।
परिजनों को कर्तव्य-ज्ञान — मृत्यु के बाद क्या करना है, कब-कैसे श्राद्ध करना है — यह ज्ञान श्रवण से मिलता है।
मृत्यु की सच्चाई जानना — गरुड़ पुराण में यमलोक, कर्मफल और आत्मा की यात्रा का वर्णन श्रोताओं को मृत्यु की वास्तविकता बताता है।
पाप-मोचन — 'इस पुराण को सुनने वाला यमराज की यातनाओं से मुक्त होकर स्वर्ग प्राप्त करता है।'
वैराग्य और आत्मज्ञान — 'गरुड़ पुराण का सार — आसक्ति त्यागकर वैराग्य की ओर और परमात्मा की शरण में जाना।' यह श्रवण का अंतिम और सर्वोच्च उद्देश्य है।





