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लक्ष्मी पूजा📜 लक्ष्मी पूजा पद्धति, व्रत परंपरा1 मिनट पठन

शुक्रवार को लक्ष्मी पूजा करने का विशेष विधान क्या है?

संक्षिप्त उत्तर

शुक्रवार = लक्ष्मी दिन। सफेद/गुलाबी वस्त्र, कमल, कुमकुम, घी दीपक। श्री सूक्त / चालीसा + 108 जप। खीर भोग। व्रत: निराहार/फलाहार, सफेद वस्तु दान। संध्या तुलसी दीपक।

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विस्तृत उत्तर

शुक्रवार = लक्ष्मी का प्रिय दिन (शुक्र ग्रह = लक्ष्मी/शुक्राचार्य):

विधान

  1. 1प्रातः स्नान → सफेद/गुलाबी/पीला वस्त्र।
  2. 2लक्ष्मी-विष्णु/लक्ष्मी-गणेश प्रतिमा/चित्र समक्ष।
  3. 3कमल/गुलाबी पुष्प + कुमकुम + अक्षत।
  4. 4घी दीपक + कर्पूर।
  5. 5श्री सूक्त पाठ / लक्ष्मी चालीसा।
  6. 6'ॐ श्रीं महालक्ष्म्यै नमः' 108 जप।
  7. 7भोग: खीर, मिठाई, फल।
  8. 8आरती — 'ॐ जय लक्ष्मी माता'।

शुक्रवार व्रत: निराहार/फलाहार। सफेद वस्तु दान (दूध, चावल, मिश्री)। संध्या को लक्ष्मी कथा।

विशेष: शुक्रवार संध्या को तुलसी दीपक (लक्ष्मी = विष्णुपत्नी, तुलसी = विष्णुप्रिया)।

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शास्त्रीय स्रोत
लक्ष्मी पूजा पद्धति, व्रत परंपरा
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