विस्तृत उत्तर
मंत्र जाप के लिए प्रातःकाल ब्रह्म मुहूर्त या सायंकाल 'प्रदोष काल' (सूर्यास्त के समय) को सर्वश्रेष्ठ माना गया है।
विशिष्ट मंत्रों के लिए:
- ▸सर्प सूक्त: प्रातःकाल (शिव पूजा के साथ)
- ▸नवनाग स्तोत्र: प्रातः एवं सायं
- ▸नाग गायत्री: प्रातःकाल
- ▸महामृत्युंजय मंत्र: ब्रह्म मुहूर्त
- ▸शिव पंचाक्षरी: कभी भी (विशेषतः प्रदोष काल)





